अब तक आपने पढ़ा कि सिंदबाद कैसे अपने जहाज से भटक कर एक नरभक्षी दानव और इंसान को जीवित निगलने वाले सांप के चंगुल में फंस जाता है लेकिन सिंदबाद का सब्र, समझदारी और उसका ऊपर वाले पर विश्वास उसे …
खलीफा हारूं रशीद अपने राज्य के लोगों का सुख-दुख जानने के लिए अक्सर भेष बदलकर बगदाद की सड़कों पर घूमा करते थे। एक दिन उसने अपने मंत्री जाफर को बुलाया और कहा कि मैं आज रात फिर से भेष बदल …
पहले फकीर की कहानी सुनकर सब लोग हैरान थे। तभी जुबैदा ने दूसरे फकीर को अपना किस्सा सुनाने को कहा। दूसरे फकीर सुकेब ने बताया कि मैं भी एक बादशाह का बेटा हूं। बचपन से ही मैं पढ़ने में अच्छा था, …
बादशाह ग्रीक के कहने पर मंत्री ने उसे ‘अमात्य की कहानी’ सुनाने हुए कहा कि प्राचीन समय में एक राजा था जिसका इकलौता बेटा था। राजकुमार को शिकार पर जाने का बहुत शौक था और राजा भी उसकी हर इच्छा …
दूसरे बूढ़े ने अपनी कहानी शुरू की। उसने बताया, ‘ये दोनों कुत्ते मेरे सगे भाई हैं। पिताजी ने मरते वक्त हम तीनों भाइयों को तीन हजार अशर्फियां दी थी। हम उससे व्यापार चलाने लगे। मैंने एक दुकान खोल ली और …
जब सिंदबाद ने अपनी दूसरी समुद्री यात्रा का वर्णन कर हिंदबाद को 400 दीनारें दी, तो अगले दिन दोपहर के भोजन पर आमंत्रित किया और कहा कि मैं तुम्हें इससे आगे की समुद्री यात्रा की रोमांचक कहानी सुनाऊंगा। हिंदबाद और …
शहरजाद कहानी का आरंभ करते हुए कहती हैं कि बगदाद के खलीफा हारूं की एक आदत थी कि वह रात को भेष बदलकर प्रजा का हाल जानने निकलते थे। एक दिन वह मंत्री जाफर के साथ निकले थे, तो उन्होंने …
दशकों पहले भारत और चीन की तरह फारस भी एक देश था, जो अब ईरान के नाम से जाना जाता है। उस समय कई नरेश फारस के अधीन हुआ करते थे। वहां का राजा महाप्रतापी, न्यायप्रिय और तेजस्वी था, जिस …
खलीफा की आज्ञा के बाद जुबैदा ने अपनी कहानी सुनाते हुए बताया कि आपने मेरे घर पर उस दिन जो दो काले जानवर देखे थे, वो मेरी सगी बहनें हैं। ये दोनों जो साथ में आई हैं, वो मेरी सौतेली …
रानी शहरजाद की कहानी खत्म होने पर उसकी छोटी बहन दुनियाजाद उससे नई कहानी सुनाने की जिद करने लगी। बहन दुनियाजाद के बार-बार आग्रह करने पर रानी शहरजाद ने बादशाह शहरयार से अगली कहानी सुनाने की अनुमति मांगी और मंजूरी …
रानी शहरजाद ने बादशाह शहरयार को मछुवारे की कहानी सुनाते हुए कहा कि किसी गांव में एक बुजुर्ग मुस्लिम मछुवारा रहता था। मछुवारा रोज नदी में मछली पकड़ने के लिए जाता और उसे बेचकर अपने परिवार का भरण पोषण करता …
सिंदबाद ने हिंदबाद को कहा, मैं अपनी पांचवीं यात्रा के एक साल बाद दोबारा यात्रा पर निकल पड़ा। जब मैंने दोबारा यात्रा करने की बात कही, तो मेरे दोस्तों ने मुझे बहुत मना किया, लेकिन मैंने किसी की न सुनी। …
सिंदबाद ने अपनी पहली जहाजी यात्रा की कहानी सुनाना शुरू किया। उसने बताया की वह बहुत अमीर था। उसके पास बहुत सारी पुश्तैनी दौलत थी। जब उसके पिता जिंदा थे, तो वो कहा करते थे कि गरीबी की जगह मौत …
राक्षस की अनुमति मिलते ही बुजुर्ग ने अपनी कहानी बतानी शुरू की। बूढ़ा बोला ‘ये हिरणी जो आप मेरे साथ देख रहे हैं, असल में यह मेरी पत्नी है। जब मैं 12 साल का था तो मेरा विवाह इससे हुआ …
दैत्यराज की आज्ञा मिलते ही तीसरे बूढ़े ने अपनी कहानी बतानी शुरू की। उसने कहा, ‘आप सभी मेरे साथ जिस खच्चर को देख रहे हैं असल में वह मेरी पत्नी है।’ ये सुनते ही वहां खड़े सभी लोग चौंक गए। …
कमर से ऊपर इंसानी शरीर और उसके नीचे काले पत्थर में तब्दील हो चुके नौजवान ने बादशाह को अपनी कहानी सुनाते हुए बताया कि वह बादशाह महमूद शाह का बेटा है, जिनका राज काले द्वीपों के नाम से मशहूर चार …
जिन्न ने जब पूछा कि भला आदमी कौन है और उसकी कहानी क्या है, तो दूसरे फकीर सुकेब ने उसका किस्सा सुनाते हुए जिन्न से कहा कि एक नगर में दो लोगों का घर आपस में सटा हुआ था। उनमें …
बहुत जमाने पहले मिस्र में एक न्यायप्रिय बादशाह रहता था। वह इतना शक्तिशाली था कि आस-पास के राजाओं को भी उसका खौफ था। उनका मंत्री भी शासन का कार्यभार संभालने में कुशल और न्यायप्रिय था। मंत्री के दो पुत्र शम्सुद्दीन …